Saturday, February 04, 2012

बहुत कुछ करना है!

बहुत कुछ करना है, आसमान छूना है
इरादे तो पक्के हैं, बस हौसला बढ़ाना है|
डगर क़ठिन है, पर रास्ता बनाना है
कोई साथ हो ना हो, आगे बढ़ते जाना है

बहुत कुछ करना है, आसमान छूना है
इरादे तो पक्के हैं, बस हौसला बढ़ाना है|

उमीद कभी टूटेगी, राह कभी छूटेगी
नई आशा जगाके, हताश दिल को बहलना है
पुराने रिश्ते टूटे तो नये दोस्त बनाना है
अपनो को मनाना और परायों को अपना बनाना है

बहुत कुछ करना है, आसमान छूना है
इरादे तो पक्के हैं, बस हौसला बढ़ाना है|

उजली डगर पर चले थे, अब अंधेरे रास्ते अपनाना है
कल क्या हो पता नही, आज को पूरा जीना है
आज को पूरा जीना है और कुछ ऐसा करना है
कि हर ज़बान पे ये तराना हो
कल तक थी अंजान आज एक फसाना है|

बहुत कुछ करना है, आसमान छूना है
इरादे तो पक्के हैं, बस हौसला बढ़ाना है|

(c) shubhra
November 21, 2011